मंगलवार, 11 मई 2021

मई 11, 2021

 

जिस तरह से ऑक्सीजन, बेड, वेंटीलेटर बढ़ाई जा रही है - उसी तरह से डॉक्टर्स की भी बढ़ोतरी हो - डॉ कौशल मेहता।


रंजीत कुमार - इचाक


हज़ारीबाग जिले के इचाक प्रखंड निवासी सह ग्रामीण जाने माने डॉक्टर - कौशल मेहता ने सरकार से एक सवाल खड़े करते हुए कहा की सरकार एक ओर बोलती है की हम इस कोरोना महा बीमारी से लड़ने और इस बीमारी से जितने के लिए हिंदुस्तान के लगभग लगभग हरेक राज्य मे मरीजों की सुविधा के लिए ऑक्सीजन, बेड और वेंटीलेटर आदि चीजो की बढ़ोतरी करवा रहे है लेकिन केंद्र सरकार और राज्य सरकार ये क्यों नही कह रही की इस भयंकर कोरोना बीमारी से लड़ने और इसपर काबू पाने के लिए डॉक्टर्स, नर्स की बढ़ोतरी हो रही है? डॉ मेहता ने हॉस्पिटल की विधि-व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए कहा की राज्य स्तर मे ऐसे हज़ारो हॉस्पिटल है जहाँ पर आज भी अच्छे पढ़े लिखें डॉक्टर्स और नर्स की कमी है।सैकड़ो अस्पताल ऐसे पड़े है जहाँ पर लाखो लोगो की जीवन बचाने के लिए मात्र एक या दो ही डॉक्टर मौजूद होते है।और लाखो लोगो की जिंदगी सिर्फ वही दो - चार डॉक्टर्स पर निर्भर रहती है। आलम यह है की वह भी डॉक्टर जिसपर लाखो लोगो की जिंदगी बचाने को सौंपी गयी है वह भी अस्पताल अपने निर्धारित समय पर नही पहुँचते और इसी बिच कितने मरीज की जान चली जाती है। दुर्भाग्य की बात है की इस विकट संकट मे भी सरकार डॉक्टर्स की भर्ती या चयनित नही कर पा रही है।शहर मे कई ऐसे अस्पताल है जहाँ की डॉक्टर्स की मिलीभगत और हेरा फेरी से जीवन बचाने वाला दवायी और सुई की कालाबाजारी की जा रही है और राज्य सरकार, केंद्र सरकार सह पुलिस प्रसासन खामोश बैठी है। दूसरी और डॉक्टर कौशल मेहता ने कहा की सैकड़ो ग्रामीण लोगो की जान बचा रहे ग्रामीण - घरेलु डॉक्टर्स जिनको वो सम्मान नही मिलती है जो सम्मान बड़े - बड़े डॉक्टर्स को दिए जाते है। लोगो के साथ साथ सरकार भी घरेलु डॉक्टर को झोलाछाप डॉक्टर कहकर पुकारती है जो निंदनीय है। डॉ मेहता ने सरकार से आग्रह किया है की ग्रामीण डॉक्टर को भी सम्मान मिले जो आज सैकड़ो - हज़ारो लोगो की जान बचाने मे कामयाब हो रहे है। साथ ही साथ यह कहा की आमतौर पर सबसे ज्यादा उपयोग होनी वाली जीवन रक्षक दवाई जो अभी के समय मे बहुत जरूरी है उस दवाई पर लगने वाली टैक्स को माफ़ कर सस्ती करे। क्यूंकि दवाई सस्ती रहने से किसी की जान आसानी से बचायी जा सकती है। ग्रामीण डॉक्टर्स को उचित सुरछा के साथ बीमा करवाने की भी बात कही। इन्होने कहा डॉक्टर को भगवान का दर्जा मिलता है और लगभग लगभग डॉक्टर्स बिना डर भय के इस कोरोना काल मे जी जान के परवाह किये बिना भी ग्रामीण लोगो के सेवा मे दिन रात लगे हुए है। सब डॉक्टर को एक पल का भी भय रहता है की कही मुझे भी कोरोना जकड़ न ले। इसलिए उचित सुरछा के साथ साथ 50 लाख का बीमा हरेक ग्रामीण डॉक्टर का करावे राज्य सरकार।साथ मे डॉक्टर कौशल मेहता ने प्रखंड स्तरीय अस्पताल मे ऑक्सीजन, बेड और वेंटीलेटर की सुविधा जल्द से जल्द मुहैया करवानी की मांग की।उक्त मांग इचाक प्रखंड के डॉक्टर कौशल मेहता ने की।

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